रिपोर्टर: शिंभू सिंह शेखावत
नीम का थाना। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सीकर के निर्देशानुसार तालुका विधिक सेवा समिति, नीम का थाना द्वारा मंगलवार को बाल भारती पब्लिक सेकेंडरी स्कूल, छावनी में “ट्रांसफॉर्मेटिव ट्यूज़डे” के तहत विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में एडीजे-02 पूनम शर्मा ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए बाल सुरक्षा, अधिकारों और कानूनी संरक्षण से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों की जानकारी दी। विद्यालय पहुंचने पर डायरेक्टर कैलाश सैनी, प्रिंसिपल मधु सूईवाल सहित विद्यालय परिवार एवं स्टाफ ने न्यायिक अधिकारी का स्वागत किया।
‘NO–GO–TELL’ से समझाई सुरक्षा
कार्यक्रम का मुख्य विषय “Stranger Danger – No, Go, Tell” रहा। न्यायिक अधिकारी ने बच्चों को सरल भाषा में समझाया कि यदि कोई अनजान व्यक्ति बहलाने-फुसलाने, लालच देने या असहज स्थिति में डालने का प्रयास करे तो उन्हें चुप नहीं रहना चाहिए।
विद्यार्थियों को बताया गया कि NO यानी गलत या असहज स्थिति में स्पष्ट रूप से ‘ना’ कहें, GO यानी ऐसी परिस्थिति से तुरंत दूर होकर सुरक्षित स्थान पर जाएं और TELL यानी घटना की जानकारी माता-पिता, शिक्षक या किसी विश्वसनीय वयस्क को दें।
बाल अधिकार और साइबर सुरक्षा पर भी चर्चा
कार्यक्रम में बाल अधिकार, बाल संरक्षण कानून, गुड टच-बैड टच, साइबर सुरक्षा, शिक्षा का अधिकार, बाल विवाह से संबंधित कानूनी प्रावधान तथा निशुल्क विधिक सहायता जैसे विषयों पर भी विद्यार्थियों को जानकारी दी गई।
साइबर सुरक्षा को लेकर बच्चों को सावधान करते हुए कहा गया कि इंटरनेट पर अनजान लोगों के साथ व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें। किसी संदिग्ध संदेश, गतिविधि या परेशानी की स्थिति में तत्काल अभिभावकों अथवा शिक्षकों को इसकी जानकारी दें।
विद्यार्थियों ने कार्यक्रम में उत्साहपूर्वक भाग लिया और कानून एवं सुरक्षा से जुड़े सवाल पूछे। न्यायिक अधिकारी ने विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का सरल भाषा में समाधान किया।
प्रिंसिपल मधु सूईवाल ने कहा कि बच्चों को कम उम्र से ही अपने अधिकारों और सुरक्षा के प्रति जागरूक करना जरूरी है। वहीं डायरेक्टर कैलाश सैनी ने तालुका विधिक सेवा समिति एवं न्यायिक अधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों को स्वयं सुरक्षित रहने तथा अपने साथियों को भी सुरक्षा और अधिकारों के प्रति जागरूक करने का संदेश दिया गया। विद्यालय परिवार ने न्यायिक अधिकारी पूनम शर्मा एवं तालुका विधिक सेवा समिति का कार्यक्रम के लिए आभार व्यक्त किया।




